‘आत्मविश्वास, चयन और सफलता की यात्रा’ विषय पर अतिथि व्याख्यान
लाडनँ, 11 जुलाई 2026। जैन विश्वभारती संस्थान के अहिंसा एवं शांति विभाग द्वारा एक प्रेरणादायक अतिथि व्याख्यान का आयोजन 11 जुलाई को किया गया। कार्यक्रम की मुख्य वक्ता श्रीमती तरुणा बोहरा रहीं। उन्होंने "Journey of Confidence, Choice and Success" विषय पर अपने विचार प्रस्तुत किए। श्रीमती बोहरा ने अपने व्याख्यान में व्यक्तित्व विकास एवं सकारात्मक सोच के विभिन्न आयामों पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि आत्मविश्वास, दृढ़ निश्चय के साथ-साथ सफलता प्राप्त करने के लिए सकारात्मक प्रयास करना अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने विद्यार्थियों को जीवन में लक्ष्य निर्धारण, आत्म-विश्वास और सकारात्मक दृष्टिकोण अपनाकर सफलता की ओर बढ़ने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए विभागाध्यक्ष प्रो. वंदना कुंडलिया ने मुख्य वक्ता का संस्थान में पधारने पर आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि श्रीमती बोहरा का यह व्याख्यान विद्यार्थियों के लिए अत्यंत प्रेरणादायक एवं उपयोगी सिद्ध रहेगा और उनके व्यक्तित्व विकास में सहायक होगा। कार्यक्रम के प्रारम्भ में मुख्य वक्ता श्रीमती बोहरा का सम्मान विभागाध्यक्ष प्रो वंदना कुंडलिया ने शॉल ओढ़ाकर एवं आचार्य कालू कन्या महाविद्यालय के प्राचार्य तथा विभाग के संकाय सदस्य डॉ. रविंद्र सिंह राठौड़ ने उन्हें बुके भेंट किया एवं डॉ बलबीर सिंह ने संस्थान का प्रतीक चिन्ह भेंट कर स्वागत किया। कार्यक्रम का संचालन डॉ. लिपि जैन ने किया। इस अवसर पर अंग्रेजी विभाग की विभागाध्यक्ष प्रो. रेखा तिवारी, शिक्षा विभाग के विभागाध्यक्ष प्रो. बी.एल. जैन, योग एवं जीवन विज्ञान विभाग के विभागाध्यक्ष प्रो. युवराज सिंह खंगारोत, जैन विद्या एवं तुलनात्मक धर्म व दर्शन विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. रामदेव साहू सहित अनेक संकाय सदस्य, विद्यार्थी एवं शोधार्थी शामिल रहे।




